बस्ती फाउंडेशन द्वारा अनाथ बच्चों का स्कूल में प्रवेश
बस्ती फाउंडेशन द्वारा इंदौर में तीन अनाथ बच्चों का स्कूल में पुनः प्रवेश कराया गया है। निकिता, हिना और संतोष आपस में भाई-बहन हैं और बंगाली चौराहे के पास स्थित एक बस्ती में रहते हैं। माता-पिता के आकस्मिक निधन के बाद उनकी पढ़ाई बीच में ही छूट गई थी।
एक साल से स्कूल से दूर थे बच्चे
माता-पिता के निधन के बाद बच्चों की दादी घरों में काम करके उनका पालन-पोषण कर रही हैं। कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण बच्चों की स्कूल फीस भरना संभव नहीं हो पा रहा था, जिससे तीनों बच्चे पिछले एक वर्ष से स्कूल नहीं जा पा रहे थे।
आरटीई से बाहर होने के कारण बढ़ी मुश्किलें
तीनों बच्चे आरटीई के दायरे से बाहर हो चुके थे। ऐसे में बस्ती फाउंडेशन द्वारा उन्हें अन्य सरकारी योजनाओं से जोड़ने का भी प्रयास किया गया, ताकि परिवार को अतिरिक्त सहयोग मिल सके।
फाउंडेशन ने उठाई शिक्षा की जिम्मेदारी
बस्ती फाउंडेशन ने पहल करते हुए तीनों बच्चों का स्कूल में पुनः प्रवेश कराया और उनकी पढ़ाई दोबारा शुरू करवाई। साथ ही संस्था ने यह भी जिम्मेदारी ली है कि हर वर्ष बच्चों की स्कूल फीस जमा की जाएगी, जिससे उनकी शिक्षा बिना रुकावट जारी रह सके।
उज्ज्वल भविष्य की ओर बढ़ता कदम
इस पहल से तीनों बच्चों के चेहरे पर मुस्कान लौट आई है। बस्ती फाउंडेशन का यह प्रयास न केवल बच्चों को शिक्षा से जोड़ने का कार्य है, बल्कि उनके सुरक्षित और उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक मजबूत कदम भी है।

